13 सितंबर को गाजियाबाद में होगा ब्राह्मण समागम, उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक होंगे मुख्य अतिथि

-नेहरू नगर के पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में जुटेंगे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के करीब तीन हजार लोग, समाज के उत्थान और राजनीतिक भागीदारी पर होगी चर्चा

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। राष्ट्रीय जागरूक ब्राह्मण महासंघ की ओर से 13 सितंबर को नेहरू नगर स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में ब्राह्मण समागम का आयोजन किया जाएगा। दोपहर 12 बजे से शुरू होने वाले इस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। आयोजकों के अनुसार, समागम में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों से करीब तीन हजार लोगों के पहुंचने की संभावना है। गुरुवार को आयोजित प्रेसवार्ता में महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित आरडी शर्मा ने कार्यक्रम की तैयारियों और उद्देश्य की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक करीब डेढ़ घंटे तक कार्यक्रम में मौजूद रहेंगे। पूर्व उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा को कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है। महासंघ के पदाधिकारियों ने बताया कि समागम को लेकर समाज के लोगों में उत्साह है और विभिन्न जिलों से प्रतिनिधियों के आने की तैयारियां की जा रही हैं। समागम में ब्राह्मण समाज के बुद्धिजीवी, सामाजिक कार्यकर्ता, युवा और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े प्रतिनिधि समाज के उत्थान, भविष्य की योजनाओं और आरक्षण सहित कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपने विचार रखेंगे।

आयोजकों का कहना है कि कार्यक्रम का उद्देश्य समाज के लोगों को एक मंच पर लाकर उनकी समस्याओं, अपेक्षाओं और भविष्य की दिशा पर गंभीर चर्चा करना है। महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित आरडी शर्मा ने कहा कि समाज के विकास के लिए शिक्षा, रोजगार, सामाजिक सहयोग और राजनीतिक भागीदारी जैसे विषयों पर ठोस रणनीति तैयार करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि समागम में समाज के विभिन्न वर्गों के प्रतिनिधियों से सुझाव लिए जाएंगे और उन्हें आगे की योजनाओं में शामिल किया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी आयोजित की जाएंगी। भगवान परशुराम और भगवान श्रीकृष्ण के भजनों की प्रस्तुति के साथ समाज की धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित किया जाएगा। आयोजकों के अनुसार, सांस्कृतिक कार्यक्रमों का उद्देश्य समाज के लोगों को अपनी परंपराओं और मूल्यों से जोडऩा है। महासंघ के पदाधिकारियों ने बताया कि समागम में सामाजिक एकजुटता, आपसी सहयोग और जनभागीदारी का संदेश दिया जाएगा।

युवाओं और महिलाओं की भूमिका पर भी चर्चा की जाएगी, ताकि समाज के सभी वर्गों को संगठनात्मक गतिविधियों में अधिक सक्रिय रूप से जोड़ा जा सके। महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष अमरेश कुमार शर्मा ने बताया कि आगामी चुनावों को लेकर समाज की राजनीतिक दावेदारी पर भी चर्चा की जाएगी। उन्होंने कहा कि ब्राह्मण समाज के अधिक से अधिक लोग जनप्रतिनिधि बनें, इसके लिए संगठन स्तर पर विचार-विमर्श किया जाएगा। उन्होंने कहा कि भाजपा के राजनीतिक विस्तार में ब्राह्मण समाज की भूमिका हमेशा महत्वपूर्ण रही है। समाज ने विभिन्न क्षेत्रों में पार्टी और लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने में योगदान दिया है। ऐसे में राजनीतिक प्रतिनिधित्व में भी समाज की उचित भागीदारी होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि समागम के माध्यम से समाज के लोगों को एकजुट कर भविष्य की राजनीतिक और सामाजिक रणनीति तैयार की जाएगी। प्रदेश अध्यक्ष अमरेश कुमार शर्मा ने कहा कि समाज की समस्याओं के समाधान के लिए मजबूत संगठन और आपसी समन्वय जरूरी है।

उन्होंने कहा कि अलग-अलग जिलों में काम कर रहे सामाजिक संगठनों और प्रतिनिधियों को एक मंच पर लाकर साझा कार्यक्रम तैयार किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि समागम में शिक्षा, रोजगार, आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की सहायता, युवाओं के मार्गदर्शन और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े विषयों पर भी चर्चा होगी। महासंघ का प्रयास है कि समाज के जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुंचाने के लिए प्रभावी व्यवस्था बनाई जाए। प्रेसवार्ता में पंडित मदनपाल कौशिक, प्रदीप शर्मा, अर्चना शर्मा, प्रियंका चमोला, विभा पांडे, अशोक पांडे सहित महासंघ के अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे। पदाधिकारियों ने बताया कि कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए अलग-अलग समितियां गठित की गई हैं। जिलों से आने वाले प्रतिनिधियों के स्वागत, बैठने की व्यवस्था, यातायात प्रबंधन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के संचालन की जिम्मेदारी पदाधिकारियों को सौंपी गई है। आयोजकों ने समाज के लोगों से अधिक से अधिक संख्या में समागम में शामिल होने की अपील की है। उनका कहना है कि यह आयोजन सामाजिक एकता, राजनीतिक जागरूकता और भविष्य की योजनाओं के लिए महत्वपूर्ण मंच साबित होगा।