- आदित्य मेगा सिटी की पांचवीं मंजिल के फ्लैट में एसी के शॉर्ट सर्किट से स्टोर रूम में लगी आग
- बीए सेट पहनकर दमकलकर्मी धुएं से भरे फ्लैट में घुसे, फायर फाइटिंग सिस्टम और हॉज लाइन से पाया काबू
- डीएम रविन्द्र कुमार मॉंदड़ के निर्देश पर एसडीएम सदर ने किया मौका मुआयना, नुकसान के आकलन और जांच के निर्देश
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। इंदिरापुरम थाना क्षेत्र के वैभव खंड स्थित आदित्य मेगा सिटी में शनिवार दोपहर पांचवीं मंजिल के एक फ्लैट के स्टोर रूम में एसी के शॉर्ट सर्किट से भीषण आग लग गई। आग के कारण पूरे टावर में घना और दमघोंटू धुआं भर गया, जिससे सोसायटी में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल फायर स्टेशन वैशाली से दो अग्निशमन वाहनों के साथ टीम को घटनास्थल के लिए रवाना किया। उनकी प्रत्यक्ष निगरानी और फायरकर्मियों की मुस्तैदी से करीब आधे घंटे में आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया। समय रहते आग नियंत्रित होने से आसपास के फ्लैटों तक लपटें पहुंचने से बच गईं और बड़ा हादसा टल गया। मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल ने घटना की सूचना मिलते ही टीम को स्पष्ट निर्देश देकर मौके पर भेजा। फायर टीम ने पहुंचकर स्थिति का तेजी से आकलन किया। जांच में सामने आया कि आग टावर की पांचवीं मंजिल पर स्थित फ्लैट संख्या जीसी-502 के स्टोर रूम में लगी थी। आग की तीव्रता के कारण स्टोर रूम के साथ-साथ फ्लैट में भी धुआं भर गया था। ऐसे चुनौतीपूर्ण हालात में फायरकर्मियों ने बिना समय गंवाए कार्रवाई शुरू की।
जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने घटना का तत्काल संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने एसडीएम सदर अजीत सिंह को मौके का निरीक्षण कर आग से हुए नुकसान का आकलन कराने तथा प्रभावित परिवार को नियमानुसार अनुमन्य सहायता उपलब्ध कराने की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही अग्निकांड के कारणों की जांच और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक सुरक्षा उपाय सुनिश्चित कराने को कहा। एसडीएम सदर अजीत सिंह ने मौके का मुआयना कर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि अग्निशमन विभाग की टीम ने समय रहते आग पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया।
घटना में कोई जनहानि नहीं हुई है और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था सामान्य है। फायर विभाग की इस कार्रवाई में मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल की तत्परता और मौके पर प्रभावी निर्देशन महत्वपूर्ण रहा। उनके नेतृत्व में टीम ने सीमित समय में आग बुझाने के साथ धुएं को बाहर निकालकर राहत एवं बचाव कार्य को सुरक्षित तरीके से पूरा किया। विभाग की इसी त्वरित और समन्वित कार्यशैली के चलते आग विकराल रूप लेने से पहले ही नियंत्रित हो गई और आदित्य मेगा सिटी में एक संभावित बड़े हादसे को टाल दिया गया।
धुएं से भरे फ्लैट में बीए सेट पहनकर घुसे फायरकर्मी
मुख्य अग्निशमन अधिकारी के निर्देशन में फायरकर्मियों ने भवन में लगे फायर फाइटिंग सिस्टम का प्रभावी इस्तेमाल किया। भूतल से हॉज लाइन बिछाकर पांचवीं मंजिल तक पहुंचाई गई और आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया। धुआं इतना अधिक था कि फ्लैट के भीतर सामान्य तरीके से प्रवेश करना मुश्किल था। ऐसे में फायरकर्मियों ने बीए सेट यानी ब्रीदिंग अपरेटस पहनकर फ्लैट के अंदर प्रवेश किया और आग के स्रोत तक पहुंचकर प्रभावी तरीके से पानी की बौछार की। फायर टीम ने आग बुझाने के साथ ही टावर में फैले धुएं को बाहर निकालने पर भी विशेष ध्यान दिया। आधुनिक एग्जॉस्ट उपकरणों की सहायता से फ्लैट और टावर में जमा धुआं बाहर निकाला गया। इस दोहरी कार्रवाई से राहत एवं बचाव कार्य तेजी से पूरा किया जा सका।
समन्वित कार्रवाई से आसपास के फ्लैट सुरक्षित
मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल ने बताया कि आग एसी में शॉर्ट सर्किट के बाद लगी थी। आग की चपेट में आने से स्टोर रूम में रखा घरेलू सामान और अन्य सामग्री जलकर क्षतिग्रस्त हुई है। दुर्घटनाग्रस्त फ्लैट में किरायेदार मोहित गोयल अपने परिवार के साथ रहते हैं। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। उन्होंने बताया कि सोसायटी के मेंटेनेंस कर्मचारियों ने भी प्रारंभिक स्तर पर फायर फाइटिंग सिस्टम से आग बुझाने का प्रयास किया था, लेकिन आग की तीव्रता अधिक होने के कारण उसे नियंत्रित करना मुश्किल हो रहा था। दमकल टीम के पहुंचते ही व्यवस्थित तरीके से अभियान चलाया गया। टीम ने आग को एक सीमित क्षेत्र में नियंत्रित करते हुए आसपास के फ्लैटों तक फैलने से रोक दिया।

















