रामलीला और दुर्गा पूजा पंडालों में अग्निकांड रोकने को दमकल विभाग अलर्ट, सीएफओ सौरभ कुमार सिंह की टीम ने संभाला सुरक्षा का मोर्चा

  • गाजियाबाद के दर्जनों आयोजन स्थलों पर सघन निरीक्षण, प्रवेश-निकास मार्ग खाली रखने और अग्निशमन उपकरण तैयार रखने के निर्देश
  • कविनगर से लोनी-मोदीनगर तक चला जागरूकता अभियान, दुकानदारों, आयोजकों और स्वयंसेवकों को बताए आग से बचाव के उपाय
  • त्योहारों की खुशियों के बीच लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता, लापरवाही न बरतें आयोजक : सौरभ कुमार सिंह

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। नवरात्रि, दुर्गा पूजा, रामलीला और डांडिया नाइट के आयोजनों में उमड़ रही भीड़ के बीच लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अग्निशमन तथा आपात सेवा विभाग ने अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। रविवार को मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) सौरभ कुमार सिंह ने जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में व्यापक अग्नि सुरक्षा निरीक्षण और जागरूकता अभियान चलाया गया। अग्निशमन अधिकारियों और प्रभारी अग्निशमन अधिकारियों की टीमों ने रामलीला स्थलों, दुर्गा पूजा पंडालों, डांडिया नाइट आयोजन स्थलों और मेले की दुकानों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। अभियान के तहत कविनगर, घंटाघर, विजयनगर, वैशाली सेक्टर-2 और सेक्टर-3, वैशाली सेक्टर-3 और सेक्टर-4 के दुर्गा पूजा पंडालों, वसुंधरा सेक्टर-15, शिप्रा सनसिटी और शिप्रा मॉल इंदिरापुरम, गुलमोहर आवासीय भवन राकेश मार्ग, राजेंद्र नगर, चंद्रनगर, लाजपत नगर, शालीमार गार्डन, वृंदावन गार्डन जनकपुरी, झंडापुर,

साहिबाबाद, गढ़ी कटैया, डीएलएफ अंकुर विहार लोनी, मुरादनगर और मोदीनगर सहित विभिन्न क्षेत्रों में निरीक्षण किया गया। अग्निशमन टीमों ने आयोजनकर्ताओं और संबंधित लोगों से संपर्क कर सुरक्षा इंतजामों की जानकारी ली। उन्हें निर्देश दिए गए कि पंडालों में प्रवेश और निकास के रास्ते हर समय खुले तथा अवरोधमुक्त रहें। आपात स्थिति में भीड़ को सुरक्षित बाहर निकालने में किसी तरह की बाधा नहीं होनी चाहिए। अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता और उनके सही इस्तेमाल की जानकारी भी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। अग्निशमन विभाग की यह सक्रियता आयोजनों को सुरक्षित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण है। समय रहते सुरक्षा व्यवस्था की जांच, आवश्यक दिशा-निर्देश और लोगों को जागरूक करने से आपात परिस्थितियों में नुकसान की आशंका कम की जा सकती है। विभाग ने आयोजकों और आमजन से अपील की है कि वे सुरक्षा नियमों का पालन करें और किसी भी तरह की लापरवाही न बरतें।

सीएफओ सौरभ कुमार सिंह के निर्देशन में टीम सक्रिय
मुख्य अग्निशमन अधिकारी सौरभ कुमार सिंह के निर्देशन में विभाग की टीमें केवल निरीक्षण तक सीमित नहीं रहीं, बल्कि आयोजकों, दुकानदारों, स्वयंसेवकों और आम लोगों को अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूक करने में भी जुटीं। टीमों ने आग लगने की संभावित परिस्थितियों, बचाव के तरीकों और आपातकाल में बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में जानकारी दी।

सौरभ कुमार सिंह ने कहा कि त्योहारों और सार्वजनिक आयोजनों के दौरान बड़ी संख्या में लोग एकत्र होते हैं। ऐसे में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखना और छोटी-सी लापरवाही से भी बचना बेहद जरूरी है। आयोजकों की जिम्मेदारी है कि वे सुरक्षा मानकों का पालन करें, अग्निशमन उपकरणों को तैयार रखें और प्रवेश-निकास मार्गों पर किसी प्रकार का अवरोध न होने दें। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई के लिए पहले से तैयारी और आपसी समन्वय आवश्यक है।

जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
निरीक्षण अभियान के दौरान मेले में लगी दुकानों के संचालकों को भी सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देश दिए गए। उन्हें आग लगने की आशंका पैदा करने वाली परिस्थितियों से बचने, सतर्क रहने और आपातकाल में सुरक्षित कदम उठाने के लिए प्रेरित किया गया। स्वयंसेवकों को भी भीड़ के बीच सतर्कता बनाए रखने और जरूरत पडऩे पर लोगों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने के महत्व से अवगत कराया गया।

सीएफओ सौरभ कुमार सिंह ने विभागीय टीमों को निर्देशों के अनुरूप सतर्कता बनाए रखने और आयोजकों के साथ समन्वय से काम करने पर जोर दिया। अग्निशमन तथा आपात सेवा, कमिश्नरेट गाजियाबाद की ओर से त्योहारों और सार्वजनिक आयोजनों के दौरान इस तरह के निरीक्षण और जागरूकता अभियान लगातार चलाए जा रहे हैं। इसका उद्देश्य संभावित अग्निकांड और अन्य अप्रिय घटनाओं के जोखिम को कम करना तथा लोगों के जीवन और संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।