-अधिकारियों की मौजूदगी में जाना योजनाओं का हाल
उदय भूमि संवाददाता
ग्रेटर नोएडा। एक्सपो मार्ट से विशेष संवाददाता: इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित ‘उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो 2026’ के मंच पर शुक्रवार का दिन काफी हलचल भरा रहा। उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री (औद्योगिक विकास) नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ ने ट्रेड शो परिसर के हॉल नंबर-सात में स्थापित ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के आकर्षक स्टॉल का औचक व विस्तृत अवलोकन किया।
मंत्री नंदी के आगमन पर प्राधिकरण के प्रशासनिक अमले ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस मौके पर उनके साथ एसीईओ सौम्य श्रीवास्तव, एसीईओ श्रीलक्ष्मी वीएस और एसीईओ प्रेरणा सिंह सहित प्राधिकरण के तमाम वरिष्ठ अधिकारीगण मौजूद रहे। अधिकारियों ने मंत्री नंदी को स्टॉल का भ्रमण कराया और वहां प्रदर्शित की जा रही तमाम विकास परियोजनाओं और भावी योजनाओं की विस्तृत जानकारी साझा की। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का यह स्टॉल इस बार ट्रेड शो में देशी-विदेशी निवेशकों और आम आगंतुकों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इसमें शहर की दिशा और दशा बदलने वाली महत्वाकांक्षी परियोजनाओं को जीवंत मॉडलों और डिजिटल पैनल्स के जरिए दर्शाया गया है। मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब व लॉजिस्टिक हब बोड़ाकी क्षेत्र में आकार ले रहे इन ड्रीम प्रोजेक्ट्स को स्टॉल में मुख्य रूप से हाइलाइट किया गया है।

यह प्रोजेक्ट रेलवे, बस टर्मिनल और मेट्रो कनेक्टिविटी को एक साथ लाकर माल ढुलाई व यात्री परिवहन को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। ग्रेटर नोएडा की चौड़ी सड़कों, एक्सप्रेसवे कनेक्टिविटी, मजबूत ड्रेनेज सिस्टम, ग्रीन बेल्ट्स और स्मार्ट सिटी से जुड़े बुनियादी ढांचे को प्रदर्शित किया गया है। नए इंडस्ट्रियल सेक्टर्स के विकास, डेटा सेंटर हब, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर और आगामी आवंटन योजनाओं का विवरण भी आगंतुकों के सामने रखा गया है। अवलोकन के दौरान कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ ने प्राधिकरण की कार्यशैली और विकास मॉडल की जमकर सराहना की।
उन्होंने कहा कि जिस तेजी से ग्रेटर नोएडा में औद्योगिक और लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत हो रहा है, उससे उत्तर प्रदेश को 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संकल्प को बहुत बल मिलेगा। वरिष्ठ अधिकारियों ने मंत्री को आश्वस्त किया कि सभी परियोजनाओं को तय सीमा के भीतर गुणवत्ता के साथ पूरा किया जा रहा है ताकि वैश्विक निवेशकों को विश्वस्तरीय सुविधाएं दी जा सकें।

















