- शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही पर सख्त रुख, गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश
- कागजी कार्रवाई नहीं, शिकायतकर्ता को राहत मिलना ही कार्रवाई का आधार: रिजुल
- पुलिस अधिकारियों को क्षेत्र में लगातार भ्रमण और जनता से बेहतर संवाद के दिए निर्देश
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। ट्रांस हिंडन जोन के नवागंतुक पुलिस उपायुक्त आईपीएस अधिकारी रिजुल ने पदभार ग्रहण करते ही अपनी कार्यशैली के स्पष्ट संकेत दे दिए हैं। बुधवार को कार्यभार संभालने के बाद उन्होंने अपने कार्यालय में पहुंचे फरियादियों से सीधे संवाद किया और उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस दौरान उन्होंने संबंधित पुलिस अधिकारियों को शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण, निष्पक्ष और समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने साफ किया कि आमजन की शिकायतों को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस उपायुक्त रिजुल ने पदभार ग्रहण करने के बाद पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ समन्वय बनाते हुए क्षेत्र की कानून-व्यवस्था को लेकर प्राथमिकताओं पर भी जोर दिया। कार्यालय में शिकायत लेकर पहुंचे लोगों से उन्होंने बारी-बारी से उनकी समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि शिकायतों के निस्तारण में केवल औपचारिकता पूरी करने के बजाय समस्या के वास्तविक समाधान पर ध्यान दिया जाए। पुलिस उपायुक्त ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनता की शिकायतों का निस्तारण केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित नहीं रहना चाहिए। शिकायतकर्ता को राहत मिलना ही कार्रवाई का वास्तविक आधार होना चाहिए। उन्होंने पुलिस अधिकारियों से अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार भ्रमण करने, जनता से संवाद बनाए रखने और कानून-व्यवस्था से संबंधित मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।
पदभार संभालते ही जनता के बीच पहुंचने वाली शिकायतों को प्राथमिकता देने और संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी करने से नवागंतुक पुलिस उपायुक्त रिजुल की सख्त, अनुशासित और जवाबदेह कार्यशैली की झलक देखने को मिली है। अब ट्रांस हिंडन जोन में उनकी कार्यशैली का असर अपराध नियंत्रण, पुलिसिंग और फरियादियों की शिकायतों के निस्तारण में दिखाई देने की उम्मीद है।
जनता की सुनवाई को दी प्राथमिकता
नवागंतुक पुलिस उपायुक्त ने पदभार संभालने के साथ ही जनता की शिकायतों की सुनवाई को प्राथमिकता देकर यह संदेश दिया कि पुलिस और जनता के बीच बेहतर संवाद कानून-व्यवस्था को मजबूत करने का महत्वपूर्ण आधार है। फरियाद लेकर पहुंचे लोगों से उन्होंने उनकी समस्याओं के संबंध में जानकारी ली और संबंधित पुलिस अधिकारियों से कार्रवाई की स्थिति के बारे में भी जानकारी लेने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि थाने और पुलिस कार्यालय में अपनी समस्या लेकर आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की बात गंभीरता से सुनी जानी चाहिए। शिकायतकर्ता को अनावश्यक रूप से परेशान न किया जाए और शिकायत के निस्तारण की प्रक्रिया में पारदर्शिता रखी जाए। किसी भी शिकायत पर कार्रवाई में देरी होने पर संबंधित स्तर पर जवाबदेही तय करने की बात भी कही गई।
सख्त कार्यशैली के दिए संकेत
आईपीएस रिजुल की शुरुआती कार्यशैली से स्पष्ट है कि वह पुलिस व्यवस्था में अनुशासन और जवाबदेही को विशेष महत्व दे रहे हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में तत्काल कार्रवाई की जाए और संवेदनशील मामलों को प्राथमिकता के आधार पर देखा जाए। साथ ही क्षेत्र में अपराध नियंत्रण, प्रभावी पुलिसिंग और आमजन की सुरक्षा को लेकर भी पूरी गंभीरता बरतने के निर्देश दिए। पदभार ग्रहण करने के बाद पहले ही दिन फरियादियों की समस्याएं सुनने और उनके निस्तारण के लिए अधिकारियों को निर्देश देने से पुलिस महकमे में भी सक्रियता का संदेश गया है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में ट्रांस हिंडन जोन में पुलिसिंग को और प्रभावी बनाने के लिए अधिकारी स्तर पर नियमित निगरानी और जवाबदेही पर जोर दिया जाएगा।

















