• दिव्यांगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे, शिकायत मिलते ही समाधान सुनिश्चित करें अधिकारी: रविन्द्र कुमार माँदड़
• दोसा बंजारपुर निवासी मुकेश भाई के साथ पहुंचे थे जनता दर्शन, पेंशन की समस्या लेकर लगाई थी गुहार
• जिलाधिकारी के निर्देश पर दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग ने तत्काल उपलब्ध कराई व्हीलचेयर
• अधिकारियों को जरूरतमंदों की शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के दिए निर्देश
• जिलाधिकारी के निर्देश पर दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग ने तत्काल उपलब्ध कराई व्हीलचेयर
• अधिकारियों को जरूरतमंदों की शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के दिए निर्देश
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। जनता दर्शन में अपनी समस्या लेकर पहुंचे दिव्यांग मुकेश कुमार के लिए मंगलवार का दिन राहत लेकर आया। ग्राम दोसा बंजारपुर निवासी मुकेश कुमार अपने बड़े भाई के साथ दिव्यांग पेंशन से जुड़ी समस्या लेकर जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ के पास पहुंचे थे। चलने-फिरने में परेशानी के कारण उन्हें व्हीलचेयर की आवश्यकता भी थी। जिलाधिकारी ने उनकी समस्या को गंभीरता से सुना और केवल शिकायत दर्ज करने तक सीमित न रहते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। पेंशन संबंधी समस्या का निस्तारण कराने के साथ ही मुकेश के लिए मौके पर व्हीलचेयर की व्यवस्था करा दी गई। जनता दर्शन में मुकेश ने जिलाधिकारी को बताया कि दिव्यांग होने के कारण उन्हें रोजमर्रा के कामों में काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। चलने-फिरने में कठिनाई होने के कारण लंबे समय से उन्हें सहायक उपकरण की जरूरत महसूस हो रही थी। इसके अलावा दिव्यांग पेंशन से संबंधित समस्या के कारण भी उन्हें परेशानी उठानी पड़ रही थी। वह अपने बड़े भाई के साथ इसी उम्मीद से जिलाधिकारी के पास पहुंचे थे कि उनकी समस्या का समाधान होगा। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ ने मुकेश की बात को गंभीरता से सुना और संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
गाजियाबाद। जनता दर्शन में अपनी समस्या लेकर पहुंचे दिव्यांग मुकेश कुमार के लिए मंगलवार का दिन राहत लेकर आया। ग्राम दोसा बंजारपुर निवासी मुकेश कुमार अपने बड़े भाई के साथ दिव्यांग पेंशन से जुड़ी समस्या लेकर जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ के पास पहुंचे थे। चलने-फिरने में परेशानी के कारण उन्हें व्हीलचेयर की आवश्यकता भी थी। जिलाधिकारी ने उनकी समस्या को गंभीरता से सुना और केवल शिकायत दर्ज करने तक सीमित न रहते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। पेंशन संबंधी समस्या का निस्तारण कराने के साथ ही मुकेश के लिए मौके पर व्हीलचेयर की व्यवस्था करा दी गई। जनता दर्शन में मुकेश ने जिलाधिकारी को बताया कि दिव्यांग होने के कारण उन्हें रोजमर्रा के कामों में काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। चलने-फिरने में कठिनाई होने के कारण लंबे समय से उन्हें सहायक उपकरण की जरूरत महसूस हो रही थी। इसके अलावा दिव्यांग पेंशन से संबंधित समस्या के कारण भी उन्हें परेशानी उठानी पड़ रही थी। वह अपने बड़े भाई के साथ इसी उम्मीद से जिलाधिकारी के पास पहुंचे थे कि उनकी समस्या का समाधान होगा। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ ने मुकेश की बात को गंभीरता से सुना और संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
पेंशन संबंधी शिकायत का निस्तारण कराया गया। इसके साथ ही जिलाधिकारी ने मुकेश की शारीरिक स्थिति को देखते हुए उन्हें व्हीलचेयर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी के निर्देश मिलते ही दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग सक्रिय हुआ और तत्काल व्हीलचेयर की व्यवस्था कराई गई। कुछ ही समय में व्हीलचेयर उपलब्ध होने के बाद जिलाधिकारी ने उसे मुकेश कुमार को स्वयं प्रदान किया। मौके पर मिली इस सहायता से मुकेश और उनके बड़े भाई काफी प्रसन्न नजर आए। उन्होंने जिलाधिकारी और जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया। मुकेश के लिए व्हीलचेयर मिलने से न केवल आवागमन आसान होगा, बल्कि रोजमर्रा के कामों में भी उन्हें काफी सहूलियत मिलने की उम्मीद है। इस दौरान जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी अंशुल चौहान भी मौजूद रहे। उन्होंने मुकेश को दिव्यांगजनों के लिए संचालित विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पात्र दिव्यांगजनों को विभागीय योजनाओं के माध्यम से पेंशन, सहायक उपकरण और अन्य सुविधाओं का लाभ उपलब्ध कराया जाता है। अधिकारियों ने मुकेश को पात्रता के अनुसार अन्य योजनाओं का लाभ लेने की प्रक्रिया के बारे में भी जानकारी दी।
जरूरतमंदों की शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई पर जोर
जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जनता दर्शन में आने वाले जरूरतमंद और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर सुना जाए। शिकायतों को संबंधित विभागों तक भेजने के साथ उनके निस्तारण की प्रक्रिया पर भी नजर रखी जाए, ताकि लोगों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। विशेष रूप से दिव्यांगजनों की समस्याओं के समाधान पर प्रशासन की ओर से जोर दिया जा रहा है। ऐसे दिव्यांगजन जो आर्थिक या शारीरिक परिस्थितियों के कारण आवश्यक सहायक उपकरण स्वयं खरीदने में सक्षम नहीं हैं, उन्हें पात्रता और आवश्यकता के अनुसार सरकारी योजनाओं से जोड़कर सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जनता दर्शन में आने वाले जरूरतमंद और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर सुना जाए। शिकायतों को संबंधित विभागों तक भेजने के साथ उनके निस्तारण की प्रक्रिया पर भी नजर रखी जाए, ताकि लोगों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। विशेष रूप से दिव्यांगजनों की समस्याओं के समाधान पर प्रशासन की ओर से जोर दिया जा रहा है। ऐसे दिव्यांगजन जो आर्थिक या शारीरिक परिस्थितियों के कारण आवश्यक सहायक उपकरण स्वयं खरीदने में सक्षम नहीं हैं, उन्हें पात्रता और आवश्यकता के अनुसार सरकारी योजनाओं से जोड़कर सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
मुकेश कुमार की पेंशन संबंधी समस्या का तत्काल समाधान और मौके पर व्हीलचेयर उपलब्ध कराया जाना इसी प्रक्रिया का उदाहरण है। जनता दर्शन में हुई इस कार्रवाई से यह भी स्पष्ट हुआ कि जरूरतमंद लोगों की शिकायतों के समाधान में विभागीय स्तर पर त्वरित समन्वय पर जोर दिया जा रहा है। जिलाधिकारी ने अधिकारियों से कहा कि जनसमस्याओं के निस्तारण में संवेदनशीलता के साथ-साथ समयबद्धता भी सुनिश्चित की जाए, जिससे लोगों को सरकारी योजनाओं और सुविधाओं का लाभ समय पर मिल सके।

















