कूलिंग पैड फैक्ट्री में भड़की भीषण आग, आठ दमकल गाडिय़ों ने संभाला मोर्चा

-समय रहते बाहर निकले कर्मचारी, बड़ा हादसा टला; सौरभ कुमार सिंह के नेतृत्व में दमकल टीम की त्वरित कार्रवाई से आग पर पाया काबू
-घास और लकड़ी की ज्वलनशील सामग्री से तेजी से फैली आग
-चारों तरफ से होज पाइप बिछाकर दमकलकर्मियों ने शुरू किया अभियान 

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। बुलंदशहर रोड औद्योगिक क्षेत्र स्थित कूलर के कूलिंग पैड बनाने वाली फैक्ट्री में सोमवार दोपहर अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। फैक्ट्री में कूलर के घास वाले पैड, लकड़ी और अन्य ज्वलनशील सामग्री रखी होने के कारण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया और पूरे परिसर को अपनी चपेट में ले लिया। गनीमत रही कि फैक्ट्री में काम कर रहे कर्मचारियों ने समय रहते बाहर निकलकर अपनी जान बचा ली। हादसे में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। एफ-21 स्थित शांति एंटरप्राइजेज में सोमवार दोपहर करीब 12 बजे आग लगने की सूचना दमकल विभाग को मिली। सूचना मिलते ही कोतवाली फायर स्टेशन से चार दमकल गाडिय़ां तत्काल मौके के लिए रवाना की गईं। करीब 500 वर्ग मीटर क्षेत्रफल में बने टीन शेड के भवन में आग तेजी से फैल चुकी थी। फैक्ट्री में बड़ी मात्रा में ज्वलनशील सामग्री होने के कारण दमकल टीम ने बिना समय गंवाए आग को नियंत्रित करने का अभियान शुरू किया। मुख्य अग्निशमन अधिकारी सौरभ कुमार सिंह के निर्देशन में मौके पर पहुंची टीम ने आग की स्थिति का जायजा लेते हुए चारों तरफ से घेराबंदी कर पानी की बौछार शुरू की।

आग की तीव्रता और फैक्ट्री में मौजूद ज्वलनशील सामग्री को देखते हुए तत्काल अतिरिक्त दमकल संसाधन मंगाए गए। वैशाली से दो वाटर ब्राउजर और साहिबाबाद से दो दमकल गाडिय़ां मौके पर भेजी गईं। दमकलकर्मियों ने चारों तरफ से होज पाइप बिछाकर आग पर एक साथ पानी की बौछार की। टीम की सतर्कता और समन्वित कार्रवाई से आग को आसपास के क्षेत्र में फैलने से रोकने में मदद मिली। करीब दो घंटे तक लगातार चले अभियान के बाद दोपहर करीब दो बजे आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया। इसके बाद भी दमकलकर्मी मौके पर डटे रहे और संभावित दोबारा आग भड़कने की आशंका को देखते हुए कूलिंग का काम जारी रखा। मुख्य अग्निशमन अधिकारी सौरभ कुमार सिंह ने बताया कि आग लगने के कारणों का अभी स्पष्ट पता नहीं चल सका है। प्रारंभिक तौर पर फैक्ट्री में रखी घास, लकड़ी और अन्य ज्वलनशील सामग्री के कारण आग के तेजी से फैलने की स्थिति सामने आई है।

आग से फैक्ट्री के काफी हिस्से में नुकसान हुआ है। वास्तविक नुकसान का आकलन संबंधित स्तर पर किया जा रहा है। आग की सूचना मिलते ही पुलिस और दमकल विभाग की टीमों ने जिस तेजी से मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाला, उससे बड़ा हादसा होने से टल गया। विशेष रूप से फैक्ट्री में मौजूद कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकालने के बाद आग को नियंत्रित करने पर दमकल टीम ने पूरा ध्यान केंद्रित किया। आठ दमकल गाडिय़ों की मदद से चारों ओर से की गई कार्रवाई और लगातार पानी की बौछार ने आग को आगे फैलने से रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हादसे के दौरान मुख्य अग्निशमन अधिकारी सौरभ कुमार सिंह के नेतृत्व में दमकल टीम ने जिस तत्परता और समन्वय के साथ कार्रवाई की, उसकी सराहना की जा रही है।

आग की सूचना मिलते ही प्रारंभिक दमकल वाहनों को भेजने के साथ ही स्थिति गंभीर होने पर अतिरिक्त संसाधनों को तत्काल मौके पर पहुंचाया गया। इससे आग को नियंत्रित करने में तेजी आई। दमकल विभाग की टीम ने आग बुझाने के साथ-साथ आसपास आग फैलने की संभावनाओं पर भी नजर बनाए रखी। आग पर काबू पाने के बाद कूलिंग अभियान जारी रखा गया, ताकि किसी हिस्से में बची चिंगारी दोबारा आग का रूप न ले सके। अधिकारियों का कहना है कि आग लगने के कारणों की जांच और नुकसान का आकलन किया जा रहा है। जांच पूरी होने के बाद ही आग के वास्तविक कारण और आर्थिक क्षति की स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।